Articles by Sandeep Deo

जिनकी वजह से राजनीति की मेरी समझ विकसित हुई, वह अटल हैं!

मैं भी राजनीति से उदासीन एक युवा था। राजनीति को अछूत समझता था। कोई रुचि नहीं थी मेरी राजनीति में। तब पहली बार…


इमरान खान के लिए भारत की कोई महिला पत्रकार बिना अंगिया पहने चली जाए तो फिर उसका उद्देश्य साक्षात्कार लेना नहीं, बल्कि ‘कुछ और’ है!

वामपंथ ने हमेशा, विरोधियों के चरित्र का हनन किया है, जबकि इनका खुद का चरित्र बहुत गिरा हुआ है। इसलिए मैंने कांगी-वामी के…


कहानी…सपेरा संपादक और नागिन एंकर!

सांप-छुछुंदर नचाने वाले एक ‘सपेरे संपादक’ को आज लोकतंत्र की बड़ी चिंता है! महोदय जानता हूं, कम उम्र महिला रिपोर्टरों को आप किस…


9 अगस्त की क्रांति, कम्युनिस्टों का देशद्रोह और नेहरू की अंग्रेज भक्ति!

आज 9 अगस्त है। आज ही के दिन 1942 में महात्मा गांधी ने ‘अंग्रेजों भारत छोड़ो’ को क्रियान्वित किया था। आज राहुल गांधी…


इंडिया स्पीक्स अंग्रेजी के साथ बंगाली, मलयालम, तमिल भाषा में भी आनी चाहिए। घुन की तरह देशद्रोही हर जगह हैं!

कई मित्रों के फोन और मैसेज आए। कहा, संदीपजी, हम इंडिया स्पीक्स को जो डोनेशन भेज रहे हैं, उसमें मेरा नाम प्लीज उजागर…



वामपंथी वेब वायर, प्रिंट आदि को नंदन निलेकणी से लेकर आमिर खान तक डोनेट कर रहे हैं, हमारे लिए तो आम लोग ही हैं!

इंडिया स्पीक्स को चलाने के लिए मैंने आप सबसे एक अपील की थी कि आर्थिक रूप से सक्षम एक हजार साथी यदि हर…


पुण्य प्रसून वाजपेयी तुम्हारे चरित्र में ही ‘लोचा’ है! तुम्हारे एक फेक न्यूज का गवाह तो मैं ही हूं!

एबीपी न्यूज से निकाले जाने के बाद कल पुण्य प्रसून वाजपेयी ने बड़ी ही उबाउ और थकाउ फेसबुक पोस्ट डाला। इस पोस्ट का…



एक्सक्लूसिव….सावधान! कांग्रेस ने भारतीयों के WhatsApp डाटा में लगाई सेंध! आपका डाटा भेजा जा रहा है जर्मनी!

आगामी आम चुनाव-2019 को जीतने के लिए कांग्रेस हर वह तरीका अपना रही है, जो अनैतिक है। पहले एक विदेशी कंपनी कैंब्रिज एनालिटिका…


राहुल गांधी से लेकर रवीश कुमार तक, झूठ का वह मनोविज्ञान, जिसकी काट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को तुरंत ढूंढ़ना होगा, अन्यथा देर हो जाएगी!

आजकल कांग्रेस अध्यक्ष और उनके ‘पीडी पत्रकारों’ के झूठ बोलने का तरीका एक-सा हो गया है! और यह एकदम वही तरीका है, जिसे…


बरखा दत्त राहुल गांधी की ‘मेट्रोसेक्सुअल पर्सानालिटी’ पर रिझी हुई है, तो सागरिका घोष उसके प्रति ‘ऑब्जेक्टिव एंग्जाइटी’ की शिकार है!

महिला पत्रकार बरखा दत्ता द्वारा राहुल गांधी के ‘आलिंगन-पोलिटिक्स’ पर लिखे गये लेख का फ्रायडियन मनोविज्ञान के आधार पर विश्लेषण किया गया है।…


क्या ‘कैस्ट्रेशन कांप्लेक्स’ जैसी यौन-ग्रंथि के शिकार हैं राहुल गांधी?

संसद के अंदर 20 July 2018 को राहुल गांधी की हरकत पर यह पूरा लेख फ्रायडीय मनोविज्ञान के आधार पर लिखा गया है।…


प्रधानमंत्री को अपनी सीट से खड़े होने के लिए कहने वाले राहुल गांधी का अहंकार अभी भी यह स्वीकारने को राजी नहीं कि यह राजतंत्र नहीं, लोकतंत्र है! धन्यवाद PM नरेंद्र मोदी जी, एक अहंकारी उद्दंड को उसकी औकात दिखाने के लिए!

लोकसभा में अविश्वास प्रस्ताव पर राहुल गांधी के नुक्कड़छाप भाषण के बाद जो हुआ, वह लोकतंत्र को कलंकित करने वाला है! यह तो…


राजदीप सरदेसाई ने फिर से लिखा, हां दाऊद इब्राहिम एक देशभक्त था, उसका अंडरवर्ल्ड गिरोह सेक्यूलर था! बाबरी मसजिद टूटने के कारण वह आतंकवादी बना!

महान् सेक्यूलर पत्रकार राजदीप सरदेसाई दुखी हैं। उनके दुख का कारण कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी और दाऊद इब्राहिम हैं। राजदीप सरदेसाई की नजर…


सुप्रीम कोर्ट, शासन तंत्र और मीडिया से आग्रह है कि वह गो-वध पर महारानी विक्टोरिया द्वारा वायसराय को लिखे पत्र को पढ़ ले! अब बहुत हुआ हिंदू मन से खिलवाड़!

सुप्रीम कोर्ट, मीडिया, तथाकथित बुद्धिजीवियों ने भारत में भीड़-तंत्र के व्यवहार को गो-हत्या से जोड़ दिया है, लेकिन कभी उसने यह जानने का…


सुप्रीम कोर्ट के न्यायधीश, देश का सबसे बड़ा अभियुक्त और एक अखबार! ‘लुटियन लॉबिस्टों’ द्वारा मर्यादा को तार-तार करता एक हैरतअंगेज दास्तान!

दिल्ली का लुटियन कल्चर शायद हर तरह की संवैधानिक, कानूनी और नैतिकता की मर्यादा से परे है? खुद को साहसिक पत्रकारिता का पर्याय…


नवाजुद्दीन सिद्दिकी ने ज्यों ही कहा, ‘फटटू राजीव गांधी’, त्योंही कांग्रेस और उसके लिबरल गैंग की ‘फ्री थिंकिंग’ का आइडिया तेल लेने चला गया!

Netflix पर एक फिल्म अभी रिलीज हुई है Sacred Games. नवाजुद्दीन सिद्दिकी और सैफ अली खान की इस फिल्म को निर्देशित किया है,…


कोई जब अपने पूजा घर में रखे गुल्लक को फोड़ कर आपको दान देता हो, तो फिर आपकी जिम्मेदारी काफी बढ़ जाती है!

कल सोशल मीडिया के एक मित्र ने #IndiaSpeaksDaily के एक वीडियो की टिप्पणी में लिखा कि सर मैं आपसे मिलना चाहता हूं। मेरी…


अरुण शौरी पर लिखने से पहले दस बार सोचा, लिखूं या न लिखूं? लिखना पड़ा, आखिर मुझसे बड़ा मेरा देश है!

अरुण शौरी पर लिखने से पहले दस बार सोचा! लिखूं, न लिखूं? अरुण शौरी की विद्वता का मैं बहुत सम्मान करता हूं। और…