खुलासा: दुनिया के खुंखार आतंकवादी संगठन ‘इस्लामिक रिवॉल्यूशनरी’ को रतन टाटा की कंपनी टाटा सन्स करती थी फंडिंग?

एक बड़े खुलासे में यह आरोप लगा है कि इस्लामी आतंकी हामिद रेजा मालाकोटिपोर और उससे संबंधित ‘इस्लामिक रिवोल्युशनरी गार्डस् कॉर्प्स’ को रतन टाटा की कंपनी टाटा सन्स फंडिंग किया करती थी! इसका खुलासा भाजपा नेता व राज्यसभा सांसद डॉ. सुब्रहमनियन स्वामी ने किया है। हामिज और उसके संगठन को अमेरिकी सरकार ने वैश्विक आतंकवादी की सूची में डाल रखा है। एक वैश्विक आतंकी और उससे संबंधित संगठन को फंडिंग में टाटा कंपनी का नाम आने की वजह से लोग भौंचक्के हैं! 2G घोटाले और एयर एशिया डील में हुए घोटाले में भी टाटा का नाम सामने आ चुका है। भारत की इस बड़ी और नामचीन कंपनी पर आतंकवादियों और घोटालेबाजों के साथ संबंध रखने का आरोप लगने की वजह से इस पूरी कंपनी की साख संदेह के घेरे में!

भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता डॉ. सुब्रहमण्यम स्वामी ने साल 2016 में याचिका दायर कर टाटा समूह के आर्थिक लेनदेन की फॉरेंसिक ऑडिट रिपोर्ट की सीबीआई जांच की मांग की थी। उन्होंने अपनी याचिका में हवाला के माध्यम से लेनदेन तथा इस मामले में एयर एशिया से संबंधित व्यवसाय संचालन से जुड़े एक व्यक्ति को भुगतान करने पर सवाल उठाया था? राजेंद्र दुबे नामक उस व्यक्ति का संबंध आतंकियों से जुड़ा पाया गया है। फोरेंसिक ऑडिट रिपोर्ट से यह साफ है कि दुबई निवासी हामिद रेजा मालाकोटिपोर से जुड़े राजेंद्र दुबे को पैसा दिया गया था। मालूम हो कि हामिद रेजा मलाकोटिपोर वही आतंकी है जिसे अमेरिकी सरकार ने ‘ए स्पेशियली डेजिगनेटेड ग्वोबल टेररिस्ट’ (एक विशेष रूप से नामित वैश्विक आतंकवादी) की सूची में रखा हुआ।

मुख्य बिंदु

* क्या रतन टाटा के नेतृत्व में टाटा सन्स ने दुबई स्थित आतंकी हामिद रेजा मालाकोटिपोर से आर्थिक लेनदेन को दिया था अंजाम?
* अमेरिका ने 2014 में ही वैश्विक आतंकी सूची में डाल रखा है हामिद रेजा मालाकोटिपोर का नाम।
* राजेंद्र दुबे की हिस्सेदारी वाली टाटा सन्स की एक कंपनी के पंजीकरण में दूसरा नाम आतंकी हामिद का है।

आरोप है कि दुबई निवासी हामिद रेजा मालाकोटिपोर के साथ मिलकर रतन टाटा के नेतृत्व में टाटा सन्स ने भ्रष्ट हवाला कारोबार को अंजाम दिया था!

सीबीआई के तत्कालीन कार्यकारी निदेशक राकेश अस्थाना को लिखी चिट्ठी में सुब्रहमण्यम स्वामी ने कहा था “हाल ही में मुझे एक कंपनी डेलोइट द्वारा किए गए फोरेंसिक ऑडिट रिपोर्ट और रतन टाटा द्वारा अधिकृत रूप से दिए गए धन की सूचना मिली है। उन प्रासंगिक दो पृष्ठों की छाया प्रति (फोटोकॉपी) आपके आकलन के लिए संलग्न कर दिया है।” स्वामी ने अपनी चिट्ठी में कहा था कि “दुबई निवासी हामिद रेजा मालाकोटिपोर से जुड़े एक व्यक्ति राजेंद्र दुबे को पैसा दिया गया था।”

pgurus.com वेबसाइट ने इस संदर्भ में स्वामी की उस चिट्ठी के साथ ही संवेदनशील फोरेंसिक ऑडिट रिपोर्ट को प्रकाशित किया है। इस गोपनीय रिपोर्ट से स्पष्ट है कि टाटा समूह की कंपनियों ने एयर एशिया संचालन के माध्यम से एचएनआर ट्रेडिंग पीटीई लिमिटेड नाम की एक कंपनी को पैसे दिए थे। गौरतलब है कि इस कंपनी की 99.9 प्रतिशत हिस्सेदारी राजेंद्र दुबे के नाम है, जो हामिद और उसके आतंकी संगठन ‘इस्लामिक रिवोल्युशनरी गार्डस् कॉर्प्स’ से जुड़ा है।

राजेंद्र दुबे की जब पड़ताल की गई तो यह खुलासा हुआ कि वह 23 मई 2011 को ‘ग्रीन आईटी कॉम प्राइवेट लिमिटेड’ नाम से पंजीकृत कंपनी के डायरेक्टर होने के साथ ही हिस्सेदार भी थे। इसमें सबसे खास बात यह है कि कंपनी के पंजीकरण में जिस एक और व्यक्ति का नाम है, वह है अमेरिका द्वारा घोषित वैश्विक आतंकी हामिद रेजा मालाकोटिपोर। हामिद पर ‘इस्लामिक रिवोल्युशनरी गार्ड कॉर्प्स'(आईआरजीसी) जैसे संगठन को हथियार आपूर्ति करने का आरोप है। मालूम हो कि अमेरिका ने इरान स्थित इस संगठन को साल 2007 से आतंकवाद संगठन घोषित कर रखा है।

अमेरिका ने 6 फरवरी 2014 को एक प्रेस रिलीज जारी कर हामिद रेजा मालाकोटिपोरा के साथ ही इस्लामिक रिवोल्युशनरी का काला चिट्ठा पूरी दुनिया के सामने रखा था। इसके बाद भी ऐसे लोगों के साथ टाटा समूह का आर्थिक लेनदेन जारी रहना जहां देश की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ था, वहीं देश के प्रति उनकी वफादारी पर भी सवाल खड़ा करता है?

ये सारे तथ्य पब्लिक रेकॉर्ड से शोधकर निकाले गए हैं तथा डाटाबेस खरीद कर के एकत्रित किए गए हैं। इसके अलावा डेलोआट्स द्वारा तैयार किए गये फोरेंसिक रिपोर्ट से भी यह खुलासा हुआ है कि टाटा सन्स की ही किसी कंपनी के माध्यम से उन आतंकियों तक पैसा पहुंचता था।

मालूम हो कि ये रिपोर्ट्स साइरस मिस्त्री के निर्देश में तैयार करवाई गई थी। वही साइरस मिस्त्री जिसे बाद में रतन टाटा ने टाटा सन्स के चेयरमैन पद से हटाने के बाद कंपनी से ही बाहर निकाल दिया था। यह रिपोर्ट 400 पृष्ठों की है। माना जाता है कि पूरी रिपोर्ट बाहर आने के बाद कई और खुलासे हो सकते हैं।

नोटः- इस खबर के सारे तथ्य https://www.pgurus.com/ से लिए गये हैं। indiaspeaksdaily.com का इन तथ्यों को लेकर अपना कोई दावा नहीं है और न हम इसकी पुष्टि करते हैं!

URL: Subramanian Swamy exposed, Is TATA included in Terrorism financing?

Keywords: Subramanian Swamy exposed Tata, TATA, Air Asia, tata air asia deal, ratan tata, tata exposed, tata group, cyrus mistry, terror funding, Subramanian Swamy, pgurus, रतन टाटा, टाटा ग्रुप, साइरस मिस्त्री

आदरणीय पाठकगण,

News Subscription मॉडल के तहत नीचे दिए खाते में हर महीने (स्वतः याद रखते हुए) नियमित रूप से 100 Rs. या अधिक डाल कर India Speaks Daily के साहसिक, सत्य और राष्ट्र हितैषी पत्रकारिता अभियान का हिस्सा बनें। धन्यवाद!  

For International members, send PayPal payment to [email protected] or click below

Bank Details:
KAPOT MEDIA NETWORK LLP
HDFC Current A/C- 07082000002469 & IFSC: HDFC0000708  
Branch: GR.FL, DCM Building 16, Barakhamba Road, New Delhi- 110001
SWIFT CODE (BIC) : HDFCINBB
Paytm/UPI/ WhatsApp के लिए मोबाइल नं- 9312665127
ISD Bureau

ISD Bureau

ISD is a premier News portal with a difference.

You may also like...

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

ताजा खबर