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Category: सनातन हिंदू धर्म

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गणेश की शारीरिक संरचना की भी एक दार्शनिक दृष्टि है।

Hemant Sharma. गणेश शुभांकर हैं। विघ्नहर्ता हैं। कुशल प्रबंधक हैं। आदि लेखक हैं।सृष्टि के पहले लिपिकार हैं।शास्त्रों के ज्ञाता हैं।ऋद्धि और सिद्धि उनकी पत्नी है।शुभ यानी समृद्धि और लाभ उनकी संतानें हैं।बुरी नजरों के...

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अब तो ढूंढो नया रास्ता

गुंडों  से  इतना  डरते  हो , आखिर  क्या  मजबूरी है? क्या तुम ब्लैकमेल होते हो , आखिर क्या कमजोरी है ? जिसने तुम पर किया भरोसा, उसने क्यों धोखा खाया ? इतना डर कर काम करोगे...

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वासना से मिलने वाले दुःख: कारण और निदान

कमलेश कमल। “वासना-विकारहीनता के बिना प्रकाश-प्राप्ति संभव ही नहीं है।”- बुद्ध वासना और इससे मिलने वाले दुःखों की चर्चा जनमानस में परिव्याप्त है, पर इनकी उत्पत्ति, प्रकृति और अंतर्संबंध पर अंतर्दृष्टि का सर्वथा अभाव...

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भगवान जगन्नाथ पर आक्रमण कर आर्य समाजियों ने यह दर्शा दिया कि सनातन एकता में इन जैसों की जड़ता सबसे बड़ी बाधा है।

Sandeep Deo. कल भगवान श्रीजगन्नाथ यात्रा का आरंभ हुआ। इससे जुड़ी एक कथा मैंने कही, जो सिर्फ भक्त हृदय ही समझ सकता है, शुष्क ‘एक किताबी’ मजहब या पंथ के बूते की बात नहीं...

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पुराणों की प्राचीनता पर एक शोधपूर्ण नजर!

पुराणों पर मध्यकाल से ही विवाद होता आया है। अंग्रेज काल में अंग्रेजों ने इसे अप्रमाणिक ग्रंथ कहना शुरू किया था फिर उनका अनुसारण हमारे यहां के तथाकथित इतिहासकारों ने भी किया। कहते हैं...

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पुराण श्रृंखला-2 पुराणों का स्पष्ट उल्लेख अथर्ववेद के मंत्रों में है।

पुराण प्राचीनता में वेद के समकक्ष हैं। अज्ञानता और अंग्रेजों के प्रभाव के कारण कुछ वर्ग इसे 2000 साल पुराना बता देते हैं, जबकि सच यह है कि शुंग और गुप्त काल में अन्य...

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आज से पुराणों को लेकर छोटे-छोटे पोस्ट की एक श्रृंखला आरंभ कर रहा हूं। पुराण श्रृंखला-1

पुराणों में देव कथाओं के साथ हमारा इतिहास भी वर्णित है, जिसके कारण इसे नष्ट कर दिया गया ताकि हिंदुओं और हिंदुस्तान पर शासन करना आसान हो जाए। बिना इतिहास के समाज की क्या...

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क्यों पड़ते है श्री जगन्नाथ भगवान प्रत्येक वर्ष बीमार ?

उड़ीसा प्रान्त में जगन्नाथ पूरी में एक भक्त रहते थे , श्री माधव दास जी अकेले रहते थे, कोई संसार से इनका लेना देना नही। अकेले बैठे बैठे भजन किया करते थे, नित्य प्रति...

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उन्हें हमारे पूर्वजों पर विश्वास है

स्वामी सूर्यदेव जी। हमारे यहां वैदिक वांग्मय में किसी भी मंत्र का तीन तरह से अर्थ लिया जाता है. आधिदैविक-आधिभौतिक-आध्यात्मिक ऋषि मानते हैं कि जो भी ब्रह्मांड में है वह इस पिंड यानी हमारे...

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आप भी समझें अपने मन को : विश्व में बढ़ते डिप्रेशन का कारण, सुसाइड की घटनाएं तथा सनातन हिन्दू दर्शन में इसका व्यावहारिक समाधान !

आदित्य जैन। वर्तमान में वैश्विक पटल पर युवा वर्ग और प्रौढ़ वर्ग दोनों ही  चिंता , तनाव , क्रोध , बेचैनी आदि से ग्रसित है । काम में मन न लगना , आलस्य में...

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हॉलीवुड मूवीज एवम् भारतीय ग्रंथ का अद्भुत संबंध! आखिर विष्णु और ललिता के हज़ार नाम क्यों हैं? तथा मन को विस्मय से भरने वाले कुछ प्रश्न!

आदित्य जैन। हॉलीवुड की मैट्रिक्स मूवी देखी है? अभी 2021 में फोर्थ सीक्वल आने वाला है? INCEPTION देखी है? नहीं देखी? ब्रह्माण्ड के रहस्यों को, डार्क मैटर, ब्लैक होल आदि अवधारणाओं को दूसरे शब्दों...

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भारत भूमि की असली पहचान – साधना, साहस, सेवा, सत्संग : आइए समझें सनातन के चार शब्द!

आदित्य जैन। भाव – राग – ताल की शरणस्थली भारत की पहचान क्या है ? राजा दुष्यंत और शकुंतला के पुत्र भरत का भारत , चक्रवर्ती सम्राट ऋषभ देव के पुत्र भरत का भारत,...

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मर्यादाविहीन राष्ट्र विरोधियों की जंघा भीम की तरह ही तोड़ दो : महाभारत की सीख

आदित्य जैन। भीम ने दुर्योधन की जंघा तोड़ी थी । क्योंकि दुर्योधन की जंघा तोड़ी ही जानी चाहिए थी। दुर्योधन ने द्रौपदी को अपमानित किया था। दुर्योधन ने अभिमन्यु की छल से हत्या की...

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किसी भी समस्या के समाधान का सनातन मॉडल

आदित्य जैन. मार्क्सवाद , वामपंथ , माओवाद , नारीवाद , आधुनिक उदारवाद , उत्तर आधुनिकतावाद का छलावा कुछ वैसा ही है , जैसे रेगिस्तान में चमकती रेत पर पानी के तालाब का अहसास होना...

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श्री राम को मृत्यु से बचाने वाले गुरु वशिष्ठ जी का अद्भुत प्रसंग और सनातन गुरु परंपरा के कुछ विशिष्ट पन्ने!

आदित्य जैन। महान वैज्ञानिक स्टीफन हॉकिंग ने A Brief History of Time नामक पुस्तक लिखी । क्या आपने यह पुस्तक पढ़ी है ? इस महान वैज्ञानिक से हज़ार साल पहले आचार्य कुंदकुंद ने Essence...

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महाकाल शिव के तांडव का महापंडित रावण और महर्षि पतंजलि से अनसुना संबंध!

आदित्य जैन। आपकी रुचि संस्कृत में है क्या? या आपकी रुचि संगीत में है? या आपकी रुचि इस बात को समझने में है कि महान काव्यों की रचनाएं कैसे हुई? या आप कुछ नया...

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कोरोना महामारी के शमन के लिए काशी में 400 वर्षों उपरांत जनपदोध्वंस रक्षा अभिषेक एवं यज्ञ का आयोजन

विश्व में फैली कोरोना महामारी के शमन के लिए ब्रह्म सेना की ओर से काशी में “जनपदोध्वंस रक्षा अभिषेक” का आयोजन 24 मई 2021 दिन सोमवार (प्रदोष तिथि )को अनादि तीर्थ दशाश्वमेध घाट पर...

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काशी खण्ड में विश्वेश्वर का पूजन क्रम।

अजय शर्मा, वाराणसी। सचैलमादौ संस्नाय चक्रपुष्करिणीजले।सन्तर्प्य देवान् सपितृन् ब्रह्माणाश्च तथार्थिनः।। आदित्यं द्रौपदीं विष्णुं दण्डपाणिं महेश्वरम्।नमस्कृत्य ततो गच्छेद्द्रष्टुं ढुण्ढिविनायकम्।। ज्ञानवापीमुपस्पृश्य नन्दिकेशं ततो अर्चयेत्।तारकेशं ततोभ्यर्च्य महाकालेश्वरं ततः।। ततः पुनर्दण्डपाणिमित्येषा पंचयतीर्थिका।दैनन्दिना विधातव्या महाफलमभीप्सुभिः।। मणिकर्णिका में स्नान ,...

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भगवान महावीर के सिद्धांत विश्व कल्याणकारी: विनायक राव देशपांडे-विहिप

अर्चना कुमारी। नई दिल्ली। अप्रैल 25, 2021। विश्व हिन्दू परिषद भगवान महावीर के जीवन व शिक्षाओं से प्रेरणा ही आगे बढ़ रहा है। विहिप के केन्द्रीय संगठन महामंत्री श्री विनायक राव देशपांडे ने आज...

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महागौरी– माता का आठवाँ रूप

क्या है त्रिशूल, वृषभ, डमरू आदि का वास्तविक अर्थ? आरंभ में एक बार माता के पहले के सात प्रतीकात्मक रूपों का पुनर्स्मरण कर लेना विषयवस्तु को समझने हेतु समीचीन होगा– पहला रूप–शैलपुत्री – हमारे...

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