Author: Sandeep Deo

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सनातन और सोशल मीडिया का अल्गोरिदम एक है, बस आपको समझने की आवश्यकता है!

फेसबुक ने ब्लॉक कर दिया, ढेर सारे आईडी बनाकर कूद पड़ा हूं, जैसे वक्तव्यों वाले सोशल मीडिया वीरों को प्रोफाइल का मतलब भी नहीं पता है, और न प्रोफाइल और पेज का अंतर पता...

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आपकी सोच आपकी अगली पीढ़ी को पत्थर की तरह जड़ बना सकती है, पानी की तरह प्रवाहमान नहीं!

मैंने अपने बेटे को विमान से पढ़ने के लिए क्या भेजा, देख रहा हूं कि कुछ लोग अपने-अपने अनुभव लिख कर मुझे सिखाने की कोशिश कर रहे हैं कि भैया बेटे को फौलाद बनाइए।...

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Nobel prize विजेता Abhijeet Banerjee का अर्थशास्त्र और उसके पीछे की राजनीति!

भारत की अर्थव्यवस्था को मंदी के नाम पर बदनाम तो किया ही जा रहा है, अब इसे और ज्यादा लाउड करने के लिए रेमाॅन मेग्सेसे के बाद नोबेल पुरस्कार का यूरोपियन-अमेरिकन दांव चला गया...

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ताकि आपके जीवन में मंदिर की सुगंध हो, कब्रिस्तान की गंध नहीं!

ध्यान का यदि आप लगातार अभ्यास करते हैं तो आपकी अनेक इंद्रियां सजग और काफी संवेदनशील हो जाती हैं। जैसे मेरी घ्राण शक्ति बेहद संवेदनशील हो चुकी है, और इसके कारण मुझे काफी परेशानियां...

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मूल मनु-स्मृति के रचयिता महाराज मनु नहीं थे! तो फिर कौन थे?

मैंने परसों एक प्रश्न पूछा था कि मनु-स्मृति के रचयिता कौन थे, और इसका उल्लेख सर्वप्रथम किस ग्रंथ में आया है? मुझे दुख के साथ कहना पड़ रहा है कि एक भी जवाब सही...

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पांच राज्यों के चुनावी परिणाम का विश्लेषण! भाजपा के मूल मतदाताओं की नाराजगी मोदी-शाह पर पड़ी भारी!

जनता ने बहुत समझदारी से भाजपा को सबक दिया है कि ‘इंडिया साइनिंग’ में मत रहिए, अपने मुद्दे पर लौटिए! भजपा 5 जीरो से हार रही है, लेकिन राजस्थान और मध्य प्रदेश  देखिए कि...

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पॉकेट में एक हाथ रखे पोडियम पर खड़ा न्यूज चैनल का सबसे बड़ा विदूषक और मनोरंजन करता उसका सवाल!

सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है। सूट पहने, पॉकेट में एक हाथ रखे, पिचके पिछाड़ी और निकले अगाड़ी वाला पोडियम पर खड़ा एक विदूषक जनता का मनोरंजन कर रहा है! उसे...

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NDTV वाले रवीश कुमार का ‘रंडापा’ और उसके ही एक साथी का ‘आईना-प्रहार’!

एनडीटीवी के प्राइम टाइम पर रवीश कुमार जब प्रकट होते हैं तो उनके चेहरे पर खीझ साफ झलकता है। चेहरे पर खिंचाव, झुकी हुई गर्दन, कुबड़ी कमर, आंखों के नीचे पड़े काले स्याह खड्डे...

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मोदी सरकार के खिलाफ सीबीआई के डीआईजी की साजिश को सुप्रीम कोर्ट ने किया बेनकाब!

कांग्रेस जब सत्ता में रहती है तब ‘सीबीआई’ उसका तोता होता है और जब सत्ता से बाहर होती है तो उसका ‘पीडी’! कांग्रेस के प्रति ‘पीडी-सी’ वफदारी दिखाते सीबीआई के कुछ अधिकारियों ने सीबीआई...

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Facebook & Twitter पर अपना एकाउंट बचाना है तो बाली-वध का तरीका सीखिए!

बहुत सारे राष्ट्रवादियों के फेसबुक खाते, पोस्ट, वीडियो आदि डिलीट होने की शिकायत आ रही है। निम्न बिंदुओं पर ध्यान देकर आप अपना खाता बचा सकते हैं:-   १) अपने वाल को सुरक्षित रखने...

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सुप्रीम कोर्ट में हुआ साबित, सीबीआई निदेशक आलोक वर्मा The wire के जरिए पहुंचा रहे थे राहुल गांधी तक अंदरूनी खबर!

सीबीआई निदेशक आलोक वर्मा का मुखौटा आज सुप्रीम कोर्ट में उतर गया। सुप्रीम कोर्ट ने जिस जांच रिपोर्ट को सीलबंद लिफाफे में सौंपने को कहा था, आरोप है कि आलोक वर्मा एंड टीम उसे...

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मैं आज #SheToo की साजिश का शिकार होते-होते बचा! यह वामपंथियों का कोई ट्रैप था या सिर्फ एक घटना

मैं बेहद शॉक्ड हूं। मैं #SheToo की साजिश साजिश का शिकार होते-होते बचा, या फिर यह बस एक दुर्घटना थी? मैं समझ नहीं पा रहा हूं। मैं चाहूंगा कि सोशल मीडिया पर मौजूद महिलाएं इसमें...

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आइए वामपंथी महिलाओं के खिलाफ #SheToo अभियान छेड़ें

मैंने आपसब के कहने पर अपने साथ मेट्रो में हुई #MeToo घटना पर मेट्रो में ऑन-लाइन शिकायत दर्ज करा दिया है, लेकिन मेरी जिम्मेदारी इतने पर समाप्त नहीं होती! मैं #SheToo नाम से #Indiaspeaksdaily...

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अंग्रेजी पत्रकारों को हिंदी समझ में नहीं आती, इसलिए अर्थ का अनर्थ करने में माहिर हैं!

अंग्रेजी लेखकों और पत्रकारों की सबसे बड़ी दिक्कत है कि वह हिंदी ठीक से समझ नहीं पाते, इसीलिए अर्थ को अनर्थ करने में भी देर नहीं लगाते। इतिहासकार और प्रसिद्ध लेखिका मीनाक्षी जैन की...

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हिंदी के मौलिक लेखन से जब अंग्रेजी लेखन को चुनौती मिलती है, तो उसके खिलाफ उसी तरह प्रोपोगंडा फैलाया जाता है, जैसा कि आजकल ‘युद्ध में अयोध्या’ के लेखक हेमंत शर्मा के खिलाफ संगठित रूप से फैलाया जा रहा है!

अयोध्या इस समय देश का सबसे हॉट टॉपिक है। ऐसे समय में वरिष्ठ पत्रकार हेमंत शर्मा की अयोध्या पर प्रभात प्रकाशन से प्रकाशित दो पुस्तकें ‘युद्ध में अयोध्या’ और ‘अयोध्या का चश्मदीद’ हाल ही...

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सरदार की मूर्ति तो बन गयी, राममंदिर कब बनेगा? सोमनाथ मंदिर पर सरदार की पहल तो याद है न आपको?

मेरा इंटरेस्ट सरदार की मूर्ति से अधिक, राम के मंदिर में है। हिंदुओं के घर से राम मंदिर के लिए ईंटें भी गयी थी, और सरदार के स्टैच्यू के लिए लोहे का टुकड़ा भी।...

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राम मंदिर पर लोग पूछ रहे हैं कि सुप्रीम कोर्ट में पेंडिंग मामले में क्या सरकार अध्यादेश ला सकती है, क्या कानून बना सकती है? हां बना सकती है।

कल वीडियो में 1993 में केंद्र सरकार द्वारा अयोध्या पर अदालत में सभी पेंडिंग मामलों के होते हुए भी अध्यादेश लाने पर मैंने दो-दो वीडियो देकर समझाया था कि हां, सरकार अध्यादेश ला सकती...

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‘एलिट पत्रकारिता’ के नशे में ‘उल्टी’ कर अपने ही मुंह पर मलते NDTV के पत्रकार!

आजकल एनडीटीवी के कई पत्रकार और उनके समर्थक कुंठा में जी रहे हैं। ‘एलिट पत्रकारिता’ की आड़ में एनडीटवी के अंदर चल रहे काले साम्राज्य की परत-दर-परत उघड़ चुकी है। ‘नग्नता-बोध’ से ग्रस्त एनडीटीवी...

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गांधी जी और शास्‍त्री जी में कुछ समानता, लेकिन ढेर सारी असमानता!

महात्‍मा गांधी व लालबहादुर शास्‍त्री- दोनों की जयंती एक ही दिन होती है। दोनों में कुछ बातें समान थीं, जैसे- दोनों बेहद सादगी से जीते थे और दोनों स्‍वयं के प्रति ईमानदार थे। दोनों...

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हिंदी कविता- ‘बुर्जुआ’

लाखों बार कुर्बान ऐसे ‘बुर्जुआ’ पर…. बाजार से गुजर रहा था, तुम आगे थी, और मैं पीछे। देखा, एक गुलाब वाला बुजुर्ग गुमशुम-सा बैठा था, उसका बेटा गुलाब समेटने की तैयारी में था, सोचा...

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